10 वर्षों से अस्थायी व्यवस्था पर निर्भर ग्रामीण, बार-बार की शिकायतों के बाद भी नहीं मिला स्थायी समाधान
रिपोर्ट: शैलेश सिंह
बड़ा जामदा क्षेत्र के पंड्राशाली गांव में तेज आंधी के चलते एक लकड़ी का अस्थायी बिजली खंभा टूट गया, जिससे पूरे गांव में अंधेरा छा गया है। गांव में बिजली आपूर्ति की व्यवस्था पूरी तरह लकड़ी के खंभों पर आधारित है, जो हर बार तेज वर्षा या आंधी में टूट जाते हैं।
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, यह समस्या पिछले 10 वर्षों से लगातार बनी हुई है। जब भी मौसम बिगड़ता है, बिजली के खंभे टूटने से गांव में 3 से 4 दिन तक बिजली नहीं रहती। विद्युत विभाग को कई बार शिकायत देने के बावजूद अब तक लोहे या सीमेंट के स्थायी पोल नहीं लगाए गए हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि विभाग के कर्मचारी हर बार केवल आश्वासन देकर लौट जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई ठोस कार्यवाही नहीं की जाती। इससे न केवल ग्रामीणों की दिनचर्या प्रभावित होती है, बल्कि बच्चों की पढ़ाई और जरूरी घरेलू कामकाज भी बाधित होते हैं।
गांववालों ने मांग की है कि जल्द से जल्द स्थायी खंभे लगाए जाएं ताकि हर बार इस परेशानी का सामना न करना पड़े।